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Issues Relating To Regularization Of Forest Land Occupied By … on 21 March, 2005

Lok Sabha Debates
Issues Relating To Regularization Of Forest Land Occupied By … on 21 March, 2005


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Title: Issues relating to regularization of forest land occupied by landless scheduled tribes in the country.

श्री महावीर भगोरा (सलूम्बर) : अध्यक्ष महोदय, मैं आपके माध्यम से केन्द्र सरकार और वन मंत्री का ध्यान आकर्षित करना चाहता हूं कि वर्ष १९८० के पूर्व वन भूमि पर जो कब्जे हैं, उन्हें सदन में नियमित करने का निर्णय लिया गया था। केन्द्रकी वाजपेयी जी कीसरकार ने भी वर्ष १९९३ तक के आदिवासियों के कब्जों को नियमित करने का निर्णय लिया था। लेकिन इतना लम्बा अरसा व्यतीत होने के बाद भी वन भूमि पर जो कब्जे किये गये हैं, उन्हें नियमित नहीं किया गया है। जिसके कारण देश के कोने-कोने से वन भूमि पर कब्जा करने वाले समय-समय पर राजधानी में आकर धरने और प्रदर्शन कर रहे हैं। परंतु केन्द्र सरकार और वन मंत्री का ध्यान इस ओर नहीं गया है। मेरा आग्रह है कि वन भूमि पर अतिक्रमियों द्वारा जो कब्जे किये गये हैं, उन कब्जों के मुकाबले अवैध खनन और वभिन्न परियोजनाओं में इससे ज्यादा अवैध कब्जे हुए हैं। इसलिए आपके माध्यम से मेरा केन्द्र सरकार से आग्रह है कि सुप्रीम कोर्ट की आड़ लेकर इन कब्जों को नियमित न करने का जो सरकार ने मन बना रखा है, उससे हटकर सुप्रीम कोर्ट में अपील करके स्टे खारिज कराया जाए और उन कब्जों को शीघ्र ही नियमित किया जाए। धन्यवाद।

SHRI MADHUSUDAN MISTRY (SABARKANTHA): Mr. Speaker, Sir, I associate myself with this matter.

MR. SPEAKER: Since it is a bilateral matter I allow it.

            Shri Varkala Radhakrishan, do you wish to say something?

SHRI VARKALA RADHAKRISHNAN (CHIRAYINKIL): Yes, Sir.

MR. SPEAKER: I have permitted you to make your submission in an appropriate manner.