Judgements

Consideration And Passing Of The Uttar Pradesh Reorganisation … on 19 December, 2003

Lok Sabha Debates
Consideration And Passing Of The Uttar Pradesh Reorganisation … on 19 December, 2003

16.06 hrs.

UTTAR PRADESH REORGANISATION (AMENDMENT) BILL, 2003

Title: Consideration and passing of the Uttar Pradesh Reorganisation (Amendment) Bill, 2003. (Bill passed).

गृह मंत्रालय में राज्य मंत्री तथा कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय में राज्य मंत्री (श्री हरिन पाठक) : उपाध्यक्ष महोदय, आपकी अनुमति से मेरे वरिष्ठतम सहयोगी श्री लाल कृष्ण आडवाणी जी की ओर से मैं प्रस्ताव करता हूं कि उत्तर प्रदेश पुनर्गठन अधनियम २००० में संशोधन करने वाले विधेयक पर विचार किया जाए और उसे पारित किया जाए। इस बिल में थोड़ी सी टैक्नीकल और वैधानिक समस्या खड़ी हुई थी। जब उत्तर प्रदेश और उत्तरांचल का गठन हुआ तो विधान परिषद से ९ सदस्यों को उत्तरांचल में जाना था। ९ सदस्यों के जाने के बजाए एक सदस्य श्री देवेन्द्र प्रसाद शास्त्री जी का चार तारीख को कार्यकाल समाप्त हो गया था, उनकी जगह दूसरा सदस्य आ गया था तो उत्तरांचल में ८ सदस्य गये। इससे ९९ सदस्य के बदले उत्तर प्रदेश विधान परिषद में सौ सदस्य रहे तो यह टैक्नीकल परिस्थिति पैदा हुई। इससे मैं सदन से अनुरोध करूंगा कि अभी वर्तमान समय में सौ सदस्य होने के कारण यह बिल लाया गया है। छोटा सा संशोधन है ताकि पिछले समय में जो भी वैधानिक और अवैधानिक कार्य परिषद में किये गये हैं, वे माने जाए, वे अमान्य न हों।

I beg to move:

“That the Bill to amend the Uttar Pradesh Reorganisation Act, 2000, be taken into consideration. ”
 
 उपाध्यक्ष महोदय : क्याएक प्रश्न पूछ सकते हैं ? क्या समर्थन नहीं कर रहे हैं ?

श्री हरिन पाठक : आपकी ही वहां सरकार है।

श्री रामजीलाल सुमन (फिरोजाबाद): हम समर्थन कर रहे हैं। प्रार्थना भी कर रहे हैं नहीं तो सुषमा जी कहेंगी कि मैं विषयान्तर कर रहा हूं। मैं इस बिल का समर्थन करता हूं लेकिन साथ ही मैं प्रार्थना करना चाहूंगा कि एक बहुत अच्छा काम इस संसद ने किया कि राज्य सभा के लिए खुला मतदान हुआ करेगा। विधान परिषद का चुनाव भी जिस तरह से होता है औऱ उसमें जिस तरह के लोग चुनकर जाते हैं, मैं समझता हूं कि जिस दल का एक भी विधायक नहीं है, वे लोग राज्य सभा और विधान परिषद के लिए निर्वाचित हो जाते हैं। मैं इस अवसर का लाभ उठाते हुए सरकार से मांग करना चाहूंगा कि राज्य सभा के लिए हमने चुनाव की प्रक्रिया प्रारम्भ की है, अगर विधान परिषद के लिए सरकार अविलम्ब खुले मतदान की व्यवस्था कर दे तो बड़ी कृपा होगी। मैं चाहूंगा कि मंत्री जी इस संबंध में घोषणा करें।

श्री हरिन पाठक : जो माननीय सदस्य ने बात कही है, उनकी भावना की कद्र करते हुए मैं माननीय कानून मंत्री जी को उनकी भावना से अवगत करा दूंगा।

MR. DEPUTY-SPEAKER: The question is:

“That the Bill to amend the Uttar Pradesh Reorganisation Act, 2000, be taken into consideration. “The motion was adopted.

MR. DEPUTY-SPEAKER: The House shall now take up clause-by-clause consideration of the Bill.

The question is:

“That clauses 2 and 3 stand part of the Bill. “The motion was adopted.

Clauses 2 and 3 were added to the Bill.

Clause 1, the Enacting Formula and the long Title were added to the Bill.

SHRI HARIN PATHAK: I beg to move:

“That the Bill be passed. ”

 

 MR. DEPUTY-SPEAKER: The question is:

“That the Bill be passed.”

The motion was adopted.

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