Judgements

Regarding Misutilization Of Loans Received From Banks By Big … on 5 December, 2002

Lok Sabha Debates
Regarding Misutilization Of Loans Received From Banks By Big … on 5 December, 2002


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Title: Regarding misutilization of loans received from Banks by big companies and industries.

श्री चन्द्रकांत खैरे : महोदय, आज पांचवे दिन लगातार इंडियन एक्सप्रैस में आया है कि बड़ी-बड़ी कम्पनियों ने बैंकों से करोड़ों रुपये लेकर वापिस नहीं किये हैं। ये कम्पनियां बैंकों का पैसा हड़प करने वाली हैं। इन कम्पनियों ने बैकों से लिए गए पैसे का रिपेमेंट नहीं किया है। मैं आपके माध्यम से सरकार से अनुरोध करना चाहता हूं कि जिन कम्पनियों ने पैसे का गबन किया है, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। मेरे निर्वाचन क्षेत्र में फतेजा नामक एक कम्पनी है। इस कम्पनी ने कामगारों को बेकार कर दिया है और सिस्टर कन्सर्न में भी ताले लगा दिए हैं। जब बैंक अधिकारी वहां जाते हैं, तो कोई नहीं मिलता है। मैं पूछना चाहता हूं कि बैंक ने इन कम्पनियों को पैसे कैसे दिए? मेरी मांग है कि कम्पनी के सीएमडी और ईडी के खिलाफ एन्क्वायरी होनी चाहिए और उनकी प्रापर्टीज को सीज़ करना चाहिए।

MR. SPEAKER: Now, Shri Priya Ranjan Dasmunsi.

SHRI PRIYA RANJAN DASMUNSI (RAIGANJ): Shri Shivraj V. Patil will speak.

श्री शिवराज वि.पाटील (लातूर) : महोदय, अयोध्या में जो कुछ हुआ …( व्यवधान)

अध्यक्ष महोदय : इस विषय पर नहीं, दूसरे विषय पर।

 
 

…( व्यवधान)

 

MR. SPEAKER

: Shri Shivraj V. Patil, his notice is on a different issue.

 
 

… (Interruptions)

 

MR. SPEAKER

: There seems to be some misunderstanding. Shri Priya Ranjan Dasmunsi has given a notice on another issue. Shri Shivraj V. Patil, if you want to speak on that, you can speak.