an>
Title: Regarding grievance amongst unemployed youths regarding non-recruitment of Physical Training Instructors under Sarva Shiksha Abhiyan.
डॉ. करण सिंह यादव : सभापति महोदया, सर्वशिक्षा अभियान के अन्तर्गत मानव संसाधन मंत्रालय ने राज्य सरकारों को ६ से १४ वर्ष तक की उम्र के छात्र और छात्राओं को अनिवार्य रूप से प्रारम्भिक स्कूली शिक्षा देने के उद्देश्य से शिक्षक नियुक्ति हेतु बजट आबंटित किया है।
महोदया, राजस्थान में हाल ही में, राज्य सरकार ने २५ हजार शिक्षकों के पदों की भर्ती हेतु विज्ञापन जारी किया है, किन्तु खेद का विषय है कि इन नियुक्तियों में शारीरिक शिक्षकों को, नियुक्तियो हेतु शामिल नहीं किया गया है। प्रारम्भिक शिक्षा में शारीरिक शिक्षा महत्वपूर्ण है। अब हर स्कूल में, मडिल स्कूल में, हाई स्कूल में और सीनियर सैकेंड्री स्कूल में एक शारीरिक शिक्षक होता है। राज्य में बहुत सारे डी.पी.एड. और बी.पी.एड. योग्यताधारी शारीरिक शिक्षक बेरोजगार हैं। इसलिए मैं मानव संसाधन मंत्रालय से निवेदन करना चाहूंगा कि वह राज्य सरकार को निर्देश दे कि सर्वशिक्षा अभियान के अन्तर्गत होने वाली शिक्षकों की भर्तियों में कम से कम १० प्रतिशत पद शारीरिक शिक्षकों के लिए आबंटित किए जाएं जिससे कि गांव के हर स्कूल में कम से कम एक शारीरिक शिक्षक उपलब्ध हो ताकि बेरोजगारी दूर हो सके। इससे शारीरिक शिक्षा, योग शिक्षा और खेल-कूद में बच्चों की रुचि बढ़ेगी और उनका सवार्ंगीण विकास होगा, जिसके ऊपर आज हम सबसे ज्यादा ध्यान देते हैं। भारत सरकार के इस उद्देश्य की पूर्ति भी ऐसे निर्देश देने से हो सकेगी। आपने मुझे समय दिया, इसके लिए आपको कोटिश: धन्यवाद। मैं पुन: कहना चाहता हूं कि केन्द्रीय मानव संसाधन मंत्रालय ने राज्य सरकार को जो २५ हजार पदों को भरने हेतु धन आबंटित किया है, उनमें से १० प्रतिशत पदों पर शारीरिक शिक्षकों की भर्ती किए जाने के निर्देश तत्काल राज्य सरकार को दिए जाएं।