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Title: Regarding mismanagement in Amarnath Yatra.
योगी आदित्यनाथ : अध्यक्ष महोदया, मैं आपका ध्यान जम्मू-कश्मीर के अंदर अमरनाथ की पवित्र यात्रा की ओर आकर्षित करना चाहता हूं। गुरू-पूर्णिमा से लेकर श्रावण-पूर्णिमा तक एक माह की यात्रा चलती है। देश और विदेश से भी हिंदू बड़ी पवित्र भावना के साथ अमरनाथ की यात्रा में भाग लेते हैं। लेकिन यह बड़े दुर्भाग्य की बात है कि जब यह यात्रा शुरु होती है तो उससे पहले जम्मू-कश्मीर के अंदर उपद्रव शुरु हो जाते हैं और उन यात्रियों के सामने गंभीर संकट पैदा हो जाता है।
अध्यक्ष महोदया : आपने दूसरे विषय के लिए नोटिस दिया था।
योगी आदित्यनाथ : महोदया, मैंने जीरो-आवर का नोटिस दिया था, मैं जीरो-आवर में बोल रहा हूं और मेरा एडजोर्नमेंट पर नोटिस था, आपने बुलवाया नहीं, अब मैं जीरो-आवर में बोल रहा हूं।
अध्यक्ष महोदया : आप डेंगू विषय पर बोलिए।
योगी आदित्यनाथ : महोदया, दोनों विषय महत्वपूर्ण है। आप मुझे दोनों विषयों पर बोलने दीजिए।
अध्यक्ष महोदया : ऐसा नहीं हो सकता है। आपने जिस विषय का नोटिस दिया है, उसी विषय पर बोलिए।
योगी आदित्यनाथ : महोदय, अमरनाथ की यात्रा पर किसी सदस्य ने नहीं बोला है। वह यात्रा मात्र 24 अगस्त तक है और वहां जो दुर्व्यवस्था है, उसकी तरफ सदन और सरकार का ध्यान आकर्षित करना चाहता हूं।
अध्यक्ष महोदया : धन्यवाद। अब आप बैठ जाएं।
श्री रामकिशुन।
योगी आदित्यनाथ : महोदया, मुझे अति लोकमहत्व के विषय पर बोलने नहीं दिया गया, मैं इसका विरोध करते हुए वाक-आउट करता हूं।
13.16 hrs
At this stage, Shri Yogi Aditya Nath left the House