Title: Requested the Central Government to allocate funds for the excavation of the shallow rivers flowing through the Jaleshar constituency, Uttar Pradesh.
प्रो.एस.पी.सिंह बघेल : उपाध्यक्ष महोदय, मैं आपका आभारी हूं कि आपने मुझे बोलने का मौका दिया। मैं उत्तर प्रदेश के जलेसर जिला से चुनकर आया हूं जहां बहने वाली तीन नदियां- ईसन, सिरसा और आरिंद द्वारा बाढ़ के कारण हजारो हैकटेयर जमीन की खरीफ की फसल बरबाद हो गई है। किसान रबी की फसल बो नहीं पा रहे हैं। पूरे सम्पर्क मार्ग समाप्त हो गये हैं। एटा और फिरोज़ाबाद जिलों में बहने वाली इन नदियों से एटा जिले के निधौली, महरारा, जलेसर, अबागड़ ब्लाक और फिरोजाबाद जिले के टुंडला, व नारखी ब्लाक के किसान पूरी तरह से बरबाद हो गये हैं। ये नदियां इतनी उथली हो गई हैं कि आम दिनों में जब पानी नहीं हो और अगर वहां से गुज़रे तो समझ ही नहीं सकते कि यह नदी है जबकि बरसात के दिनों में ये कहर ढाती हैं। हालांकि देश के मानचित्र में ये बड़ी नदियां नहीं हैं लेकिन मेरे क्षेत्र के हज़ारों गांवों के किसानों को बुरी तरह से बरबाद कर दिया है। पिछले तीन साल में खरीफ और रबी की एक फसल भी नहीं हुई है। एक साल भी ऐसा नहीं गया जब बाढ़ न आयी हो। इससे किसान बुरी तरह से बरबाद हो रहे हैं। मेरा केन्द्रीय सरकार से आग्रह है कि राष्ट्रीय जल आयोग या केन्द्रीय नदी आयोग द्वारा या जो भी संबंधित आयोग हो, इन उथली नदियों की खुदाई करवाई जाये। नदियों की खुदाई करने से जल भराव नहीं होगा। इससे किसान बरबाद होने से बच जायेंगे। जिला योजना के तहत सरकार के पास पैसा नहीं जो इन नदियों की खुदाई करवा सके। मेरा केन्द्रीय सरकार से आग्रह है कि इन उथली नदियों की खुदाई के लिये धन का आबंटन किया जाये ताकि मेरे क्षेत्र के किसान बरबाद होने से बच सकें। &nbs;