Title: Requests the Hon’ble Finance Minister to accept the demands of Rural Bank Employees and establish a Indian National Rural Bank.
श्रीमती सूर्यकांता पाटील : धन्यवाद सभापति महोदय, आखिरकार आपने मुझे बोलने की अनुमति दी। माननीय सभापति महोदय, उच्चतम न्यायालय के निर्देश पर गठित राष्ट्रीय औद्योगिक न्यायाधिकरण ने प्रायोजक बैंकों के समान वेतन-भत्ते एवं अन्य सुविधाएं देश भर के क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भी देने के निर्देश ३० अप्रैल, १९९० को भारत सरकार को दिये थे। भारत सरकार ने २२ फरवरी, १९९१ को इस अवार्ड के क़ियान्वयन के निर्देश भी दिये थे। तदनुसार बैंकिंग उद्योग स्तर पर पांचवें वेतन समझौते तक की सुविधाएं क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों में लागू कर दी गईं। लेकिन उसके बाद १४ फरवरी, १९९५ को हुए कर्मचारी समझौते एवं दिनांक ३०.६.९८ को हुआ अधिकारी समझौता तथा २९.१०.१९९३ को अभी तक लागू नहीं किया गया है। इलाहाबाद उच्च न्यायालय एवं कानपुर श्रम न्यायालय ने भी भुगतान के आदेश दिये हैं, लेकिन अभी तक लागू नहीं किये गए हैं। काफी समय से भारतीय राष्ट्रीय ग्रामीण बैंकों की स्थापना की मांग ग्रामीण बैंक कर्मी कर रहे हैं। इसके लिए पूर्व में सभी दलों के सांसदों ने भी मांग उठाई थी। ७ अकतूबर, १९९३ को सभी राजनैतिक दलों के सांसदों ने नॉर्थ ब्लॉक की बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया था कि भारतवर्ष के सभी १९६ ग्रामीण बैंकों को मिला कर भारतीय राष्ट्रीय ग्रामीण बैंक की स्थापना की जाए। स्थायी समति का यह चौथा प्रतिवेदन दिनांक २३.१२.९३ को संसद के पटल पर रखा गया था। आज देश भर के हजारों ग्रामीण बैंक प्रतनधि संसद के समक्ष प्रदर्शन कर रहे हैं। वित्त मंत्री से निवेदन है कि ग्रामीण बैंक कर्िमयों की मांगों को मानते हुए उसकी घोषणा आज संसद में करें।
MR. CHAIRMAN : I am going according to the list.
SHRI K. KARUNAKARAN (THIRUVANANTHAPURAM): Sir, I want to bring to the notice of this House a very impo[rtant and urgent issue, that is, establishment of a Division Bench at the Capital of the State of Kerala… (Interruptions) Sir, I have given a notice.
MR. CHAIRMAN: Your name is not there.
SHRI K. KARUNAKARAN : Sir, it is there… (Interruptions)
MR. CHAIRMAN: No, I am going according to the list.
… (Interruptions)
SHRI K. KARUNAKARAN : Sir, I do not know, what is the criterion. I may be permitted to say a few words… (Interruptions) श्री शैलेन्द्र कुमार : आप सीरियल नंबर से बुलाएं। हमने भी नंबर दो पर सूचना दी है।
MR. CHAIRMAN: I have called Shri Baalu’s name. After that I will call you. श्री शैलेन्द्र कुमार : सीरियल से हमने भी नोटिस दिया है। आप नीचे से नंबर बुला रहे हैं। हमने भी नंबर दो पर नोटिस दिया है।
… (´ªÉ´ÉvÉÉxÉ) सभापति महोदय : आपको तो हर रोज़ मौका मिलता है। आप ज़रा शांति से बैठिये।